सुंदरानी और राजवैद्य परिवार के दो चिराग रोशन होने को बेताब
मयारू भौजी 2 और मोला लव होगे से कर रहे डेब्यू

सिनेमा 36. इस महीने विरासत से एक्टर बने दो कलाकार डेब्यू करने जा रहे हैं। फिल्मी बैकग्राउंड की वजह से डेब्यू करना बड़ा आसान होता है लेकिन वे किस मुकाम पर पहुंचते हैं इसके लिए उनकी मेहनत और दर्शकों का प्यार ही रास्ता तय करता है। इस महीने दो फिल्में रिलीज होने को है जिसमें परिवार के चिराग रोशन होने को बेताब हैं। एक फुुल फ्लैश तो दूसरा मन कुरैशी के साथ आ रहा है। यह जरूरी है कि नई पीढ़ी को मौका मिले। कब तक बुजुर्ग कलाकार हीरो बनकर कमर लटकाते रहेंगे।
सबसे पहले बात करते हैं राजवैद्य परिवार की। 8 मई को मोला लव होगे के जरिए आयुष राजवैद्य डेब्यू करने जा रहे हैं। उनके परिवार में पिता अनुमोद राजवैद्य बिदाई फिल्म बना चुके हैं। मम्मी प्रीति डुमरे राजवैद्य कई फिल्मों में अभिनय कर चुकी हैं। चाचा अनुपम राजवैद्य नामी पत्रकार हैं और एक दौर था जब वे फिल्मों के रिव्यू लिखा करते थे। इसके लिए उन्होंने तडक़े 4 बजे वाला शो भी देखा है। आयुष के साथ पारिवारिक ताकत तो है ही वे खुद थिएटर बैकग्रांड से आते हैं।
- सुंदरानी फैमिली में मोहन सुंदरानी के पोते निखिल की एंट्री मयारू भौजी 2 के जरिए हो रही है। दिलचस्प बात यह कि जब मयारू भौजी 1 आई थी मोहन सुंदरानी के भाई राधाकिशन सुंदरानी ने स्क्रीन शेयर की थी। और आज निखिल डेब्यू करने जा रहे हैं। निखिल का खुद का कोई एक्टिंग बैकग्राउंड नहीं है। उन्होंने जो भी सीखा इसी फिल्म से सीखा। उत्तम तिवारी के निर्देशन में उनकी अभिनय कला निखरकर सामने आई है। उनके काम की तारीफ भी हो रही है लेकिन परीक्षा तो 15 मई को है। उन्हें अदायगी में कितने नंबर मिलेंगे उसी दिन पता चलेगा




